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नोमुरा ने 15% घटाया निफ्टी का टारगेट, कहा- शेयर बाजार में अभी और गिरावट संभव है

क्या हो रहा है?

हाल ही में, जापानी वित्तीय सेवा कंपनी नोमुरा ने भारतीय शेयर बाजार, विशेष रूप से निफ्टी 50 के लिए अपने पूर्वानुमान को 15% घटाते हुए एक नई रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट के अनुसार, निफ्टी का लक्ष्य अब 14,200 के स्तर पर है, जो पहले 16,500 के आस-पास था। नोमुरा ने यह भी चेतावनी दी है कि बाजार में और गिरावट संभव है, जो निवेशकों के बीच चिंता का विषय बन गया है।

कब और क्यों?

यह रिपोर्ट 2023 के अंत के करीब प्रकाशित की गई है, जब वैश्विक आर्थिक मंदी और बढ़ती महंगाई के कारण बाजार में अनिश्चितता बढ़ गई है। नोमुरा के विश्लेषकों ने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था में धीमी वृद्धि और बढ़ते ब्याज दरों के कारण बाजार में गिरावट की संभावना बढ़ी है।

कहां और कैसे?

भारत में शेयर बाजारों, विशेषकर निफ्टी 50 और सेंसेक्स में, इस गिरावट का असर स्पष्ट देखा जा सकता है। निवेशक और विश्लेषक दोनों ही इस रिपोर्ट पर गहरी नजर रख रहे हैं, क्योंकि इससे भविष्य में निवेश के निर्णय प्रभावित हो सकते हैं।

किसने कहा?

नोमुरा के प्रमुख अर्थशास्त्री ने कहा, “हमारी रिपोर्ट दर्शाती है कि वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों के कारण भारतीय बाजार में गिरावट आने वाली है। हमें उम्मीद है कि आने वाले समय में बाजार और भी अस्थिर रहेगा।” इसके अलावा, कई अन्य वित्तीय विशेषज्ञ भी इस बात से सहमत हैं कि वर्तमान में बाजार में निवेश करना जोखिम भरा हो सकता है।

इसका आम लोगों पर असर

इस गिरावट का आम नागरिकों पर गहरा असर पड़ेगा। जो लोग म्यूचुअल फंड्स या शेयर बाजार में निवेश कर चुके हैं, उन्हें नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। इसके साथ ही, सेवानिवृत्त निवेशकों के लिए यह समय चिंताजनक हो सकता है, क्योंकि उनकी आय पर भी इसका असर पड़ेगा।

आगे का क्या?

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक आर्थिक स्थितियों में सुधार नहीं होता है, तो भारतीय बाजार में गिरावट जारी रह सकती है। निवेशकों को सलाह दी जा रही है कि वे अपने निवेश को लेकर सावधानी बरतें और बाजार की स्थिति को ध्यान में रखें।

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Sneha Verma

स्नेहा वर्मा बिजनेस और अर्थव्यवस्था की विशेषज्ञ पत्रकार हैं। IIM अहमदाबाद से MBA करने के बाद उन्होंने वित्तीय पत्रकारिता को अपना करियर बनाया। शेयर बाजार, स्टार्टअप और आर्थिक नीतियों पर उनकी गहरी पकड़ है।

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