Health

लंबे समय तक विटामिन D के हाई-डोज़ सप्लीमेंट से होने वाले जोखिमों पर एक्सपर्ट की राय

विटामिन D का महत्व और सप्लीमेंट का बढ़ता चलन

विटामिन D, जिसे सूर्य का विटामिन भी कहा जाता है, हमारे शरीर के लिए अत्यंत आवश्यक है। यह कैल्शियम के अवशोषण में मदद करता है और हड्डियों को मजबूत बनाता है। लेकिन, हाल के वर्षों में, विटामिन D के हाई-डोज़ सप्लीमेंट्स का चलन बढ़ गया है।

क्या हैं संभावित जोखिम?

डॉक्टरों का मानना है कि लंबे समय तक विटामिन D का अधिक सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, उच्च डोज़ लेने से शरीर में कैल्शियम का स्तर बढ़ सकता है, जिससे हृदय, गुर्दे और हड्डियों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।

कब और क्यों लेना चाहिए सप्लीमेंट?

विशेषज्ञों का कहना है कि विटामिन D की कमी के समय, जैसे सर्दियों में जब सूरज की रोशनी कम होती है, तब सप्लीमेंट लेना फायदेमंद हो सकता है। लेकिन इसका अति सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है।

विशेषज्ञों की राय

डॉक्टर सुमित शर्मा का कहना है, “विटामिन D सप्लीमेंट्स का सेवन करते समय सावधानी बरतनी चाहिए। यदि आवश्यक हो, तो केवल डॉक्टर की सलाह पर ही उच्च डोज़ लें।”

आम लोगों पर प्रभाव

अगर लोग बिना डॉक्टर की सलाह के उच्च मात्रा में विटामिन D का सेवन करते हैं, तो यह उनके स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव डाल सकता है। गुर्दे की समस्याएं और हृदय रोग का खतरा बढ़ सकता है।

भविष्य की संभावनाएं

आने वाले समय में, स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि विटामिन D सप्लीमेंट के उपयोग के बारे में जागरूकता बढ़ेगी। लोग अधिक सजग होंगे और डॉक्टरों से सलाह लेकर ही सप्लीमेंट का सेवन करेंगे।

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now

Dr. Nisha Gupta

डॉ. निशा गुप्ता स्वास्थ्य और वेलनेस की विशेषज्ञ लेखिका हैं। AIIMS दिल्ली से MBBS और MPH करने के बाद उन्होंने स्वास्थ्य पत्रकारिता को अपनाया। आयुर्वेद, फिटनेस, मानसिक स्वास्थ्य और मेडिकल रिसर्च पर उनके लेख बहुत लोकप्रिय हैं।

Related Articles

Back to top button